NSAT 2026 : नारायणा स्कॉलास्टिक एप्टीट्यूड टेस्ट (Narayana Scholastic Aptitude Test) के 21वें संस्करण का शुभारंभ हो गया है। इस परीक्षा में कक्षा 5वीं से 10वीं तक के विद्यार्थी शामिल हो सकेंगे। परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्रों को नकद पुरस्कार मिलेंगे। साथ ही, नारायणा के विभिन्न कोर्स में दाखिले पर 90 प्रतिशत तक स्कॉलरशिप पाने का अवसर मिलेगा।
NSAT 2026: 27 राज्यों के 300 शहरों में होगी परीक्षा
जमशेदपुर के साकची स्थित नारायणा आईआईटी-नीट एकेडमी ने इस परीक्षा की शुरुआत की है। इसका आयोजन देशभर में अखिल भारतीय स्तर पर किया जाएगा। संस्थान के अनुसार, परीक्षा में 27 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के विद्यार्थी हिस्सा ले सकेंगे। इसके लिए 300 शहरों के 3,000 से अधिक स्कूलों तक पहुंच बनाने की योजना है। परीक्षा ऑफलाइन और ऑनलाइन, दोनों माध्यमों से आयोजित होगी। ऑफलाइन परीक्षा 4, 11 और 25 अक्टूबर 2026 को होगी। वहीं, ऑनलाइन परीक्षा के लिए 4, 11, 18, 21 और 25 अक्टूबर की तारीखें निर्धारित की गई हैं।
घर बैठे कर सकते हैं आवेदन
परीक्षा में शामिल होने के इच्छुक विद्यार्थी नारायणा की आधिकारिक वेबसाइट nsat.narayanagroup.com पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इसके अलावा, नजदीकी नारायणा केंद्र पर जाकर भी पंजीकरण कराया जा सकता है। आवेदन परीक्षा की निर्धारित तारीख से पांच दिन पहले तक किया जा सकेगा। परीक्षा का सिलेबस, सैंपल प्रश्नपत्र और अन्य जरूरी जानकारियां भी वेबसाइट पर उपलब्ध हैं। विद्यार्थी आवेदन करने से पहले इन जानकारियों को देख सकते हैं।
NSAT 2026: विज्ञान, गणित और मेंटल एबिलिटी से होंगे सवाल
नारायणा कोचिंग सेंटर के नेशनल हेड श्याम भूषण ने बताया कि NSAT में वस्तुनिष्ठ प्रकार के प्रश्न पूछे जाएंगे। प्रश्नपत्र में विज्ञान, गणित और मानसिक क्षमता से जुड़े सवाल शामिल होंगे। परीक्षा की कुल अवधि दो घंटे होगी। ऑफलाइन परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 4 बजे तक आयोजित की जाएगी। ऑनलाइन परीक्षा के लिए दो सत्र रखे गए हैं। पहला सत्र सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक चलेगा। दूसरा सत्र शाम 7 बजे से रात 9 बजे तक होगा। दोनों माध्यमों में कक्षा 5वीं से 10वीं तक के विद्यार्थी शामिल हो सकेंगे।
राष्ट्रीय स्तर पर जान सकेंगे अपनी रैंक
श्याम भूषण के मुताबिक, इस परीक्षा का उद्देश्य विद्यार्थियों में प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रति तैयारी और आत्मविश्वास बढ़ाना है। इसके जरिए छात्र अपनी राष्ट्रीय स्तर की रैंकिंग भी जान सकेंगे। उन्हें अपनी तैयारी का आकलन करने का अवसर मिलेगा। इस परीक्षा के माध्यम से विद्यार्थी विज्ञान, गणित और मानसिक क्षमता जैसे विषयों में अपनी पकड़ परख सकेंगे। इससे उन्हें भविष्य में होने वाली विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की दिशा समझने में भी मदद मिलेगी।
टॉप रैंकर्स को नकद पुरस्कार, 90% तक स्कॉलरशिप
NSAT में राष्ट्रीय स्तर पर शीर्ष रैंक हासिल करने वाले विद्यार्थियों को नकद पुरस्कार दिए जाएंगे। इसके अलावा, परीक्षा में अच्छा प्रदर्शन करने वाले छात्रों को नारायणा के किसी भी कोर्स में दाखिले पर 90 प्रतिशत तक स्कॉलरशिप मिल सकती है। स्कॉलरशिप का लाभ संस्थान के निर्धारित नियमों और पात्रता के अनुसार मिलेगा। नारायणा जमशेदपुर केंद्र के निदेशक संजय कुमार रंजन ने बताया कि जिन स्कूलों के विद्यार्थी शीर्ष स्थान हासिल करेंगे, उन्हें भी सम्मानित किया जाएगा। ऐसे स्कूलों और संस्थानों को नकद पुरस्कार के साथ ट्रॉफी प्रदान की जाएगी।
आर्थिक चुनौतियों के बावजूद आगे बढ़ने का अवसर
केंद्र के अधिकारियों के अनुसार, NSAT का उद्देश्य प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को आगे बढ़ने का अवसर देना है। आर्थिक कठिनाइयों के कारण किसी छात्र की पढ़ाई और भविष्य की योजनाएं प्रभावित न हों, इसके लिए स्कॉलरशिप के माध्यम से सहायता देने की पहल की गई है। जमशेदपुर केंद्र के शाखा प्रबंधक विकास रंजन, शैक्षणिक समन्वयक विकास झा, उप शाखा प्रबंधक अभय प्रताप और सुदीप माइती ने विद्यार्थियों को परीक्षा के लिए शुभकामनाएं दीं।
उन्होंने उम्मीद जताई कि इस पहल से छात्रों को अपनी प्रतिभा दिखाने और आगे की तैयारी को मजबूत करने का अवसर मिलेगा। नारायणा एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस के मुताबिक, 2026 का यह 21वां संस्करण पहले से अधिक व्यापक स्तर पर आयोजित किया जाएगा। संस्थान चार दशक से शिक्षा के क्षेत्र में काम कर रहा है। इस परीक्षा के जरिए विद्यार्थियों को अपनी शैक्षणिक क्षमता पहचानने और आगे की पढ़ाई के लिए छात्रवृत्ति हासिल करने का अवसर मिलेगा।
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